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धरा के पार की धारा Dhara Ke Paar Ki Dhaaraa

300.00 Original price was: ₹300.00.250.00Current price is: ₹250.00.

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Book Format :

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Edition :

अशोक कुमार 'आशू' Ashok Kumar "Ashoo"

978-93-5857-346-6

80

A5

Paperback

Nitya Publications

First

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धरा के पार की धारा Dhara Ke Paar Ki Dhaaraa

300.00 Original price was: ₹300.00.250.00Current price is: ₹250.00.

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Description

धरा के पार की धारा”

 

“धरा के पार की धारा” एक ऐसा काव्य-संग्रह है,जिसमें प्रेम और भावनाओं की गहराइयों को शब्दों में समेटने का प्रयास किया गया है। यह केवल कविताओं का संग्रह नहीं है, बल्कि यह उन अनकहे एहसासों की यात्रा है,जो हमारे हृदय की गहराइयों में बहती रहती हैं – कभी स्नेह बनकर, कभी पीड़ा बनकर, तो कभी यादों की नदी बनकर।

इस पुस्तक में संकलित ४८ कविताएँ जीवन के उन पलों को अभिव्यक्त करती हैं, जहाँ प्रेम केवल एक भावना नहीं, बल्कि एक संपूर्ण अनुभव बन जाता है। इन कविताओं में विरह की टीस है, मिलन की मिठास है, प्रतीक्षा की बेचैनी है और आत्मा से अंतरात्मा के संवाद की संवेदनशीलता भी है। ये कविताएँ न केवल हृदय को छूती हैं, बल्कि उसे भीतर तक महसूस भी कराती हैं।

“धरा के पार की धारा” उस अंतर्मन की अभिव्यक्ति है, जो बाहरी दुनिया की भागदौड़ से परे, किसी शांत नदी के किनारे बैठा, अपने प्रेम को टटोलता है। यह पुस्तक उन सभी पाठकों को समर्पित है, जिन्होंने कभी किसी को पूरे मन से चाहा है, और कभी न कभी अपने ही दिल से प्रेम का कोई संवाद किया है।

“धरा के पार की धारा” एक भावनात्मक यात्रा का दस्तावेज़ है — एक ऐसी यात्रा, जो प्रेम, संवेदनाओं और आत्मा की गहराइयों से होकर गुजरती है। कविताओं में प्रेम केवल एक अनुभव नहीं, बल्कि वह जीवन की सबसे कोमल, सबसे शक्तिशाली और सबसे सच्ची भावना है। इन कविताओं में प्रेम की उस धारा को महसूस किया जा सकता है, जो कभी भीतर बहती है, तो कभी बाहर की दुनिया को भिंगोती है। कभी यह धारा मिलन की मधुरिमा है, तो कभी विरह की टीस। कभी यह उम्मीद का उजास है, तो कभी स्मृतियों की गहराई।

यह काव्य संग्रह उन सभी पाठकों के लिए है, जो प्रेम को समझना नहीं, महसूस करना चाहते हैं। जो भावनाओं को पढ़ते नहीं, जीते हैं। यह पुस्तक आपके भीतर बहती प्रेम की अदृश्य धारा को छूने का प्रयास करती है।

आशा है कि यह कविताएँ आपके हृदय की वीणा को स्पर्श करेंगी, और आपको आपके अपने भावनात्मक अनुभवों से जोड़ने का माध्यम बनेंगी।

 

 

अशोक कुमार आशू